इंश्योरेंस सिस्टम में सेंधमारी... आधार के जरिए बीमा में फ्रॉड कर रहे धोखेबाज, फर्जी क्लेम से निकाल रहे मोटी रकम

Updated on 06-08-2025 01:34 PM
नई दिल्ली: एक दशक से अधिक समय तक पिन कोड में हेराफेरी करने के बाद धोखेबाजों ने अब इंश्योरेंस सिस्टम में जालसाजी का एक नया तरीका ढूंढ लिया है। ये आधार से जुड़ी प्रक्रियाओं का गलत इस्तेमाल करके पहचान से जुड़े फ्रॉड कर रहे हैं। अब ये क्रिमिनल्स मोटर बीमा से लेकर हेल्थ क्लेम तक जाली डॉक्यूमेंट्स के जरिए आधार डेटा में गड़बड़ी करके फर्जी क्लेम फाइल कर रहे हैं। इंश्योरेंस सेक्टर में होने वाला फ्रॉड कुल क्लेम का लगभग 10-15% होने का अनुमान है। इंश्योरेंस कंपनियां इसे कंट्रोल करने के लिए इंश्योरेंस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो (IIB) को पेड-फ्लैग डेटा ज्यादा से ज्यादा शेयर कर रही हैं।

जुलाई के आखिर तक यूपी पुलिस ने कई बीमा कंपनियों को नोटिस भेजे हैं। पुलिस ने क्लेम टीम्स के साथ-साथ इसमें शामिल दूसरे अधिकारियों की डिटेल्स मांगी हैं। इन मामलों में नकली दस्तावेज और बैंक इंश्योरेंस कंपनियों के बीच मिलकर किए गए काम शामिल हैं।

कैसे करते हैं धोखाधड़ी ?

संभल की एडिशनल एसपी अनुकृति शर्मा ने इकोनॉमिक टाइम्स को बताया कि आधार अब फ्रॉड की चेन में नई और कमजोर कड़ी बनकर सामने आ रहा है। उन्होंने कहा कि धोखेबाज जाली या छेड़छाड़ किए गए आधार कार्ड का इस्तेमाल करके नकली पहचान बना रहे है, ताकि पॉलिसी ले सकें और झूठे क्लेम शुरू कर सकें। यूपी पुलिस की जांच से पता चला है कि ये क्रिमिनल्स सिर्फ जाली दस्तावेजों से लाइफ और हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी को ही निशाना नहीं बना रहे बल्कि ऑटो इंश्योरेंस के लिए भी संगठित रैकेट चला रहे हैं।

धोखाधड़ी के बारे में पता कब चलता है?

कई इंश्योरेंस कंपनियों ने ऐसे मामले रिपोर्ट किए हैं जहां आधार से जुड़े फोन नंबर और ईमेल आईडी पॉलिसीहोल्डर की असली कॉन्टैक्ट डिटेल्स से मेल नहीं खाते थे। बीमा कंपनी के अधिकारियों का कहना है कि ये फ्रॉड तब तक पता नहीं चलते जब तक कि कोई क्लेम फाइल नहीं होता या पैसा नहीं निकाल लिया जाता। Niva Bupa हेल्थ इंश्योरेंस के एमडी और सीईओ कृष्णन रामचंद्रन ने कहा हमारे पास यूपी के फ्रॉड से जुड़े 2-3 मामले आए हैं। उन्होंने कहा कि हमारी फ्रॉड इन्वेस्टिगेशन टीम इसमें एक्टिवली काम कर रही है।

कैसे काम करता है गिरोह?

कुछ मामलों में पुलिस ने पाया कि जालसाज अस्पतालों के गलियारों और ग्रामीण इलाकों में सबसे कमजोर लोगों या उन लोगों को ढूंढते थे जो पहले से ही मौत या गरीबी का सामना कर रहे होते हैं। वे परिवारों को आधार डिटेल्स देने के लिए मना लेते है। ब्लैकलिस्ट किए गए PIN कोड को बायपास करने के लिए पते बदल देते हैं। इसके अलावा कम निगरानी वाले छोटे फाइनेंस बैंकों में उनके नाम पर अकाउंट खोल लेते हैं। इसके बाद लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी ली जाती है, जिनकी कीमत 20 लाख रुपये या उससे अधिक होती है।


अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 14 March 2026
मुंबई: भारत के विदेशी मुद्रा भंडार (Foreign Currency Reserve) में बड़ी गिरावट हुई है। बीते सप्ताह अपना फॉरेन करेंसी एसेट या एफसीए (FCA) भंडार तो घटा ही है। साथ ही…
 14 March 2026
नई दिल्ली: भारत में अमेरिका के राजदूत सर्जियो गोर ने शुक्रवार को कहा कि वॉशिंगटन और नई दिल्ली अगले कुछ महीनों में क्रिटिकल मिनरल्स से जुड़े समझौते को अंतिम रूप देने…
 14 March 2026
नई दिल्ली: ईरान-इजरायल युद्ध (Iran-Israel War) की तपिश इस समय सिर्फ पश्चिम एशिया के देश ही नहीं, बल्कि भारत समेत पूरी दुनिया इससे परेशान है। भारत में देखिए तो हर…
 14 March 2026
नई दिल्ली: ईरान युद्ध के कारण कच्चे तेल की कीमत में भारी तेजी आई है। हाल में यह 120 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गया था और अब भी 100…
 14 March 2026
नई दिल्ली: सीबीआई ने 228 करोड़ रुपये के यूनियन बैंक ऑफ इंडिया धोखाधड़ी मामले में उद्योगपति अनिल अंबानी के बेटे जय अनमोल अंबानी से पूछताछ की। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।…
 14 March 2026
नई दिल्ली: प्राइवेट सेक्टर के एक्सिस बैंक ने 2016 में नोटबंदी के दौरान दिल्ली की एक कंपनी की 3.2 करोड़ रुपये की नकदी जमा करने से इन्कार कर दिया था। बैंक…
 13 March 2026
नई दिल्‍ली: पश्चिम एशिया में टेंशन के बीच होर्मुज स्‍ट्रेट का नाम हर किसी की जुबान पर है। यह ईरान के दक्षिण में पतला पानी का रास्‍ता है। फारस की खाड़ी…
 13 March 2026
नई दिल्‍ली: महेश चूरी पालघर (महाराष्‍ट्र) के गांव बोर्डी के रहने वाले हैं। उन्‍होंने इस गांव में ही बिजनेस का जबरदस्‍त मॉडल खड़ा करके दिखाया है। वह 'चीकू पार्लर' के…
 13 March 2026
नई दिल्‍ली: स्थानीय शेयर बाजारों में बीते गुरुवार को लगातार दूसरे दिन गिरावट आई थी। पश्चिम एशिया में संकट के कारण कच्चे तेल के दाम में तेजी आने से ऐसा हुआ…
Advt.