
भोपाल में नगर निगम के रिटायर्ड अधीक्षण यंत्री प्रदीप जैन के घर और दफ्तर में शुक्रवार को लोकायुक्त टीम की 2 टीमों ने छापेमारी की है। मकान पर तलाशी के दौरान 5 करोड़ से ज्यादा की अचल संपत्ति, 85 लाख से ज्यादा के जेवरात के बिल, लाखों के निवेश और विदेश यात्रा के दस्तावेज मिले हैं। बैंक लाकर की तलाशी अलग से की जाएगी। जिस मकान में कार्रवाई की गई, वह उनके बेटे यश जैन के नाम है।
लोकायुक्त को प्रदीप जैन के खिलाफ वित्तीय गड़बड़ियों की शिकायत मिली थी। कार्रवाई एयरपोर्ट रोड स्थित पाॅश लार्ड्स कॉलोनी में स्थित प्रदीप जैन के घर और गोविंदपुरा स्थित स्मार्ट सिटी ऑफिस में बने दफ्तर जारी है।
दोनों ही जगह से बड़ी मात्रा में दस्तावेज जब्त किए हैं। उनके लैपटॉप, कम्प्यूटर की भी जांच की जा रही है। लैपटॉप और दो हार्ड डिस्क भी जब्त किए हैं। डीएसपी वीरेंद्र सिंह के नेतृत्व में 12 लोगों की टीम कार्रवाई के लिए पहुंची थी।
विदेश में निवेश की कर रही जांच
लोकायुक्त के सूत्रों ने बताया कि प्रदीप जैन द्वारा विदेश में निवेश की सूचनाएं भी मिली हैं। कार्रवाई में मिले दस्तावेजों में जैन के फाॅरेन इन्वेस्टमेंट्स की जांच भी की जा रही है। लोकायुक्त के अफसरों ने बताया कि जांच में फॉरेन ट्रिप के दस्तावेज मिले हैं। प्रदीप जैन चार दिन पहले ही कनाडा से लौटे हैं। प्रदीप जैन से कनाडा टूर के बारे में पूछताछ की जा रही है।
स्मार्ट सिटी में संविदा कर्मचारी हैं जैन
प्रदीप कुमार जैन नगर निगम भोपाल के रिटायर्ड इंजीनियर हैं। वे वर्तमान में स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट भोपाल में संविदा पर अधीक्षण यंत्री के पद हैं। इनकी आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने की शिकायत एसपी लोकायुक्त भोपाल मिली थी। शिकायत के सत्यापन पर प्रथम दृष्टया 300 प्रतिशत असमनुपातिक संपत्ति अर्जित करने के प्रमाण मिले थे। इसके बाद 9 अगस्त 2024 को उनके आवास और कार्यालय पर लोकायुक्त की 2 टीमों ने तलाशी कार्यवाही की गई।
6 हजार वर्गफीट में बना कोठीनुमा मकान
प्रदीप जैन का मकान लॉर्ड्स कॉलोनी के प्लॉट नंबर 11 और 12 पर बना है। मकान का निर्माण 6 हजार वर्गफीट पर कोठीनुमा किया गया है। चारों तरफ सीसीटीवी लगे हैं। एक साल पहले ही उनका यह भव्य मकान बनकर तैयार हुआ है। पड़ोसियों ने बताया कि जैन परिवार यहां कम ही रहता है। अंदर केवल सर्वेंट रहते हैं। जैन परिवार अधिकांश विदेश में ही रहता है। उनका बेटा कनाडा में सेटल है।